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\'अब तक हमें अधिकारी नहीं मिले\', \'ये स्पेशल ऑफिसर ले आए हैं\', बंगाल सरकार और EC में बहस, सुप्रीम कोर्ट ने SIR पर दे दिया ये आदेश

February 20, 2026 546 views 1 min read
\'अब तक हमें अधिकारी नहीं मिले\', \'ये स्पेशल ऑफिसर ले आए हैं\', बंगाल सरकार और EC में बहस, सुप्रीम कोर्ट ने SIR पर दे दिया ये आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने पश्चिम बंगाल सरकार और चुनाव आयोग के बीच विश्वास की कमी को देखते हुए स्पेशल इन्टेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया के लिए न्यायिक अधिकारी नियुक्त करने का निर्देश दिया है. कोर्ट ने कलकत्ता हाईकोर्ट से कहा कि वह एसआईआर में दावों और आपत्तियों पर निर्णय लेने के लिए न्यायिक अधिकारियों को नियुक्त करे. कोर्ट ने कहा है कि ये अधिकारी बेदाग हों और डिस्ट्रिक्ट जज और एडिशनल डिस्ट्रिक्ट जज रैंक के हों.शुक्रवार (20 फरवरी, 2026) को मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच के सामने बंगाल सरकार के वकील श्याम दीवान ने कहा कि चुनाव आयोग ने अब एक और नए तरीके के अधिकारी नियुक्त कर दिए हैं. इन्हें स्पेशल रोल ऑफिसर कहा जा रहा है, यह स्पेशल ऑफिसर इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर (ERO) से भी ऊपर हैं.श्याम दीवान की इस दलील पर सीजेआई सूर्यकांत ने कहा, \'ऐसा लग रहा है कि हमें न्यायिक अधिकारी या दूसरे कैडर के आईएएस नियुक्त करने होंगे. हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस से कहना होगा कि वह अच्छे रिकॉर्ड वाले न्यायिक अधिकारी नियुक्त करें.\'चुनाव आयोग के लिए पेश सीनियर एडवोकेट डी एम नायडू ने कोर्ट को बताया कि पश्चिम बंगाल ने आयोग को योग्य अधिकारी उपलब्ध नहीं करवाए हैं. इस पर सीजेआई ने निराशा जताई और कहा कि हम राज्य सरकार से सहयोग भरे रवैए की उम्मीद कर रहे थे. 9 फरवरी की सुनवाई में कोर्ट ने बंगाल सरकार को क्लास 2 के अधिकारी उपलब्ध करवाने का निर्देश दिया था. तब भी कोर्ट ने राज्य सरकार को फटकार लगाई थी, पिछली सुनवाई में आदेश देने के बावजूद अधिकारी उपलब्ध क्यों नहीं करवाए गए.सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने इस दौरान कहा किआपने आदेश दिया कि कागज़ात की जांच का काम 14 फरवरी से बढ़ा कर 21 फरवरी किया जा रहा है, लेकिन चुनाव आयोग ने 15 फरवरी से कागज़ात अपलोड करना बंद कर दिया है.सीजेआई ने उनसे कहा कि वह अपने उस दिन के आदेश और उसके अमल पर चुनाव आयोग से जानकारी लेंगे. कोर्ट ने एसआईआर की स्थिति पूछी, जिस पर कपिल सिब्बल ने कहा कि अभी उसमें 48 घंटे हैं और वह कुछ मुद्दे उठा रहे हैं.