Politics
प्रदेश सरकार ने की सरकारी कर्मचारियों पर सख्ती:संगठन के कार्यक्रम में जाने पर रोक सदस्यता के लिए भी अनुमति जरूरी
प्रदेश सरकार ने की सरकारी कर्मचारियों पर सख्ती:संगठन के कार्यक्रम में जाने पर रोक सदस्यता के लिए भी अनुमति जरूरी
सरकारी कर्मचारियों पर सामान्य प्रशासन ने एक सख्त कदम उठाया है। अब बिना विभागीय अनुमति के कोई भी कर्मचारी किसी संगठन के कार्यक्रम में शामिल नहीं हो पाएगा। राजनीतिक दल या संगठन का सक्रिय सदस्य भी नहीं हो पाएगा। यही नहीं किसी भी तरह की समिति के सदस्य बनने के लिए भी उसे अनुमति लेनी होगी। इस आदेश के बाद राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ से जुड़े कुछ कर्मचारी परेशान हैं, क्योंकि अब उन्हें शाखा में जाने के लिए अनुमति लेनी होगी। वहीं कुछ अपनी कॉलोनियों की समिति में अध्यक्ष-सचिव के पद पर हैं, उन्हें भी अब अपना पद छोड़ना होगा। वरना विभागीय अनुमति लेनी पड़ेगी। इस आदेश के बाद मंत्रालय से लेकर संचालनालय में हड़कंप में मचा हुआ है। कर्मचारी संगठन भी इस आदेश का अभी दबे स्वर में विरोध कर रहे हैं। सामान्य प्रशासन विभाग की उप सचिव अंशिका पाण्डेय ने 21 अप्रैल को आदेश जारी किया। इसमें छत्तीसगढ़ सिविल सेवा नियमों के प्रावधानों का हवाला देते हुए कहा गया कि सभी कर्मचारी अपने पद के दायित्वों का निर्वहन ईमानदारी से करें, इसके लिए नए नियम बनाए जा रहे हैं। अब कर्मचारी किसी भी राजनीति गतिविधि में प्रत्यक्ष, अप्रत्यक्ष रूप से भाग नहीं ले पाएंगे। साथ ही ऐसा कोई पद या दायित्व ग्रहण नहीं करेंगे, जिससे शासकीय कार्य प्रभावित होते हैं। ये अफसर से बने नेता